2016–2025 के बीच यूपीएससी सिविल सेवा (IAS) प्रारंभिक परीक्षा में मध्यकालीन भारत का इतिहास से 28 प्रश्न पूछे गए। इन्हें साथ पढ़ने से पता चलता है कि कौन-से विषय बार-बार आते हैं और प्रश्न किस तरह बनाए जाते हैं।
UPSC 2025
सिंचाई में काम आने वाला 'अरघट्टा' नामक उपकरण क्या था?
- (a) एक घिरनी (पुली) से खींचा जाने वाला चमड़े का बना पानी का थैला
- (b) एक बड़ा चक्का, जिसकी अराओं (स्पोक्स) के बाहरी छोरों पर मिट्टी के पात्र बँधे हों
- (c) बैलों के द्वारा खींचा जाने वाला मिट्टी का एक अधिक बड़ा पात्र
- (d) सीधे हाथों से ही रस्सी द्वारा खींचा जाने वाला बड़ा जल-डोल (वॉटर बकेट)
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (b) एक बड़ा चक्का, जिसकी अराओं (स्पोक्स) के बाहरी छोरों पर मिट्टी के पात्र बँधे हों
अरघट्ट पानी उठाने वाला पहिया था, जिसकी परिधि पर मिट्टी के घड़े बँधे होते थे (रहट जैसा उपकरण)। इसे प्रायः बैल घुमाते थे और यह कुओं से पानी उठाता था।
इनमें से किसने शक्तिशाली समुद्रवर्ती राज्य श्रीविजय के विरुद्ध, जिसका शासन मलय प्रायद्वीप, सुमात्रा, जावा और निकटवर्ती द्वीपों पर था, एक सफल सैन्य अभियान का नेतृत्व किया था?
- (a) अमोघवर्ष (राष्ट्रकूट)
- (b) प्रतापरुद्र (काकतीय)
- (c) राजेन्द्र प्रथम (चोल)
- (d) विष्णुवर्धन (होयसल)
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (c) राजेन्द्र प्रथम (चोल)
राजेंद्र प्रथम चोल (शासनकाल 1014–1044) ने लगभग 1025 ई. में मलय प्रायद्वीप, सुमात्रा और जलडमरूमध्यों पर नियंत्रण रखने वाले श्रीविजय राज्य के विरुद्ध प्रसिद्ध नौसैनिक अभियान चलाया।
UPSC 2024
मध्यकालीन भारत के निम्नलिखित शासकों में से किसने पुर्तगालियों को भटकल में एक किला बनाने की अनुमति दी थी ?
- (a) कृष्णदेवराय
- (b) नरसिम्हा सालुव
- (c) मुहम्मद शाह III
- (d) यूसुफ आदिल शाह
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (a) कृष्णदेवराय
विजयनगर के कृष्णदेवराय ने, जिनके घोड़ों के व्यापार के कारण पुर्तगालियों से अच्छे संबंध थे, उन्हें कनारा तट पर भटकल में किला बनाने की अनुमति दी।
UPSC 2023
निम्नलिखित साम्राज्यों पर विचार कीजिए :
1. होयसल
2. गहड़वाल
3. काकतीय
4. यादव
उपर्युक्त में से कितने साम्राज्यों ने अपने राज आद्य आठवीं शताब्दी ईस्वी में स्थापित किए?
- (a) केवल एक
- (b) केवल दो
- (c) केवल तीन
- (d) किसी ने नहीं
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (d) किसी ने नहीं
इनमें से किसी भी राजवंश ने आठवीं सदी के आरंभ में राज्य स्थापित नहीं किया। होयसल 10वीं–11वीं सदी में, गहड़वाल 11वीं सदी के अंत में, और काकतीय तथा यादव (सेउण) 12वीं सदी में स्वतंत्र शक्ति बने।
विजयनगर साम्राज्य के इनमें से किस एक शासक ने तुंगभद्रा नदी पर एक विशाल बाँध निर्मित किया और नदी से राजधानी नगर तक कई किलोमीटर लंबी एक नहर और कुल्या का निर्माण किया?
- (a) देवराय प्रथम
- (b) मल्लिकार्जुन
- (c) वीर विजय
- (d) विरूपाक्ष
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (a) देवराय प्रथम
देवराय प्रथम (शासनकाल 1406–1422) ने तुंगभद्रा पर बाँध और राजधानी विजयनगर तक पानी ले जाने के लिए लंबी नहर-सह-जलसेतु बनवाया।
मध्यकालीन गुजरात के इनमें से किस एक शासक ने दियु को पुर्तगालियों के सुपुर्द कर दिया?
- (a) अहमद शाह
- (b) महमूद बेगढ़ा
- (c) बहादुर शाह
- (d) मुहम्मद शाह
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (c) बहादुर शाह
गुजरात के बहादुर शाह ने मुग़ल हुमायूँ के विरुद्ध पुर्तगाली सहायता के लिए उन्हें दीव में किला बनाने दिया (बसीन की संधि, 1534–35)। दीव पुर्तगालियों के नियंत्रण में चला गया।
UPSC 2022
मध्यकालीन भारत में, शब्द "फणम" किसे निर्दिष्ट करता था ?
- (a) पहनावा
- (b) सिक्के
- (c) आभूषण
- (d) हथियार
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (b) सिक्के
फणम दक्षिण भारत में प्रचलित छोटा सोने का (बाद में चाँदी का भी) सिक्का था, जो विजयनगर काल और बाद में डच व अंग्रेज़ कंपनियों के समय भी चलता था; विदेशी यात्रियों ने इसका अक्सर उल्लेख किया है।
भारतीय इतिहास के सन्दर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए :
1. भारत पर पहला मंगोल आक्रमण जलालुद्दीन खिलज़ी के राज्यकाल में हुआ।
2. अलाउद्दीन खिलज़ी के राज्य-काल में, एक मंगोल आक्रमण दिल्ली तक आ पहुँचा और उस शहर पर घेरा डाल दिया।
3. मुहम्मद-बिन-तुगलक मंगोलों से अपने राज्य के कुछ उत्तरी-पश्चिमी भाग अस्थायी रूप से हार गया था।
उपर्युक्त कथनों में कौन-सा/से सही है/हैं ?
- (a) 1 और 2
- (b) केवल 2
- (c) 1 और 3
- (d) केवल 3
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (b) केवल 2
कथन 1 गलत है: भारत की सीमा पर मंगोल पहली बार 1221 में चंगेज़ ख़ाँ के समय, इल्तुतमिश के शासनकाल में आए।
कथन 2 सही है: 1303 में अलाउद्दीन ख़िलजी के समय तरग़ी के नेतृत्व में मंगोल सेना ने दिल्ली को घेरा।
कथन 3 गलत है: मुहम्मद-बिन-तुग़लक़ के समय तरमाशिरीन का मंगोल हमला (लगभग 1327) हुआ, पर सामान्यतः यह नहीं माना जाता कि उसने उत्तर-पश्चिमी भाग मंगोलों से गँवाए।
इस व्याख्या की जाँच विषय विशेषज्ञ द्वारा की जा रही है।
भारतीय इतिहास के सन्दर्भ में, निम्नलिखित में से कौन "कुलाह-दारन" कहलाते थे ?
- (a) अरब व्यापारी
- (b) कलंदर
- (c) फारसी खुशनवीस
- (d) सय्यद
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (d) सय्यद
दिल्ली सल्तनत में सय्यदों (पैग़ंबर के वंशज माने जाने वाले) को उनकी विशिष्ट नुकीली टोपी के कारण "कुलाह-दारन" ("टोपी धारण करने वाले") कहा जाता था; उन्हें विशेष सामाजिक प्रतिष्ठा प्राप्त थी।
निम्नलिखित युग्मों पर विचार कीजिए :
राजा - राजवंश
1. नान्नुक - चंदेल
2. जयशक्ति - परमार
3. नागभट द्वितीय - गुर्जर-प्रतिहार
4. भोज - राष्ट्रकूट
उपर्युक्त युग्मों में कितने सही सुमेलित हैं ?
- (a) केवल एक युग्म
- (b) केवल दो युग्म
- (c) केवल तीन युग्म
- (d) सभी चारों युग्म
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (b) केवल दो युग्म
युग्म 1 सही है: नान्नुक चंदेल वंश का संस्थापक था।
युग्म 2 गलत है: जयशक्ति (जेज्जा) भी चंदेल शासक था, जिसके नाम पर बुंदेलखंड को जेजाकभुक्ति कहा गया।
युग्म 3 सही है: नागभट द्वितीय गुर्जर-प्रतिहार राजा था।
युग्म 4 गलत है: भोज गुर्जर-प्रतिहार (मिहिर भोज) या परमार (राजा भोज) थे, राष्ट्रकूट नहीं।
अतः दो युग्म सही हैं।
किसके राज्यकाल में "योगवाशिष्ठ" का निज़ामुद्दीन पानीपति द्वारा फ़ारसी में अनुवाद किया गया ?
- (a) अकबर
- (b) हुमायूँ
- (c) शाहजहाँ
- (d) औरंगज़ेब
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (a) अकबर
निज़ामुद्दीन पानीपति ने अकबर के शासनकाल में (लगभग 1597) शाहज़ादा सलीम के संरक्षण में योगवाशिष्ठ का फ़ारसी अनुवाद किया; अकबर के अनुवाद विभाग (मक्तबख़ाना) ने अनेक संस्कृत ग्रंथों का फ़ारसी में अनुवाद कराया।
हाल ही में हैदराबाद में भारत के प्रधान मंत्री द्वारा रामानुज की आसन मुद्रा में विश्व की दूसरी सबसे ऊँची मूर्ति का उद्घाटन किया गया था। निम्नलिखित कथनों में कौन-सा एक, रामानुज की शिक्षाओं को सही निरूपित करता है ?
- (a) मोक्ष प्राप्ति का सर्वोत्तम साधन भक्ति था।
- (b) वेद शाश्वत, आत्म-प्रतिष्ठित तथा पूर्णतया प्रामाणिक हैं।
- (c) तर्कसंगत युक्तियाँ सर्वोच्च आनंद के मौलिक माध्यम थे।
- (d) ध्यान के माध्यम से मोक्ष पाया जा सकता था।
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (a) मोक्ष प्राप्ति का सर्वोत्तम साधन भक्ति था।
रामानुज (विशिष्टाद्वैत) ने सिखाया कि मोक्ष का सर्वोत्तम मार्ग भक्ति, अर्थात विष्णु के प्रति प्रेमपूर्ण भक्ति और प्रपत्ति (शरणागति) है।
हैदराबाद में फ़रवरी 2022 में अनावरित "स्टैच्यू ऑफ़ इक्वालिटी" उन्हीं की स्मृति में है।
हाल ही में, प्रधान मंत्री ने वेरावल में सोमनाथ मंदिर के निकट नए सर्किट हाउस का उद्घाटन किया। सोमनाथ मंदिर के बारे में निम्नलिखित कथनों में कौन-से सही हैं?
1. सोमनाथ मंदिर ज्योतिर्लिंग देव मंदिरों में से एक है।
2. अल-बरूनी ने सोमनाथ मंदिर का वर्णन किया है।
3. सोमनाथ मंदिर की प्राण-प्रतिष्ठा (आज के मंदिर की स्थापना) राष्ट्रपति एस. राधाकृष्णन द्वारा की गई थी।
नीचे दिए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिए :
- (a) केवल 1 और 2
- (b) केवल 2 और 3
- (c) केवल 1 और 3
- (d) 1, 2 और 3
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (a) केवल 1 और 2
कथन 1 सही है: सोमनाथ (प्रभास पाटन, गुजरात) बारह ज्योतिर्लिंगों में प्रथम है।
कथन 2 सही है: अल-बरूनी ने सोमनाथ मंदिर और महमूद ग़ज़नवी के आक्रमण (1025) का वर्णन किया है।
कथन 3 गलत है: वर्तमान मंदिर की प्राण-प्रतिष्ठा 1951 में राष्ट्रपति राजेंद्र प्रसाद ने की थी।
UPSC 2021
पुर्तगाली लेखक नूनिज़ के अनुसार, विजयनगर साम्राज्य में महिलाएँ निम्नलिखित में से किन क्षेत्रों में निपुण थीं?
1. कुश्ती
2. ज्योतिषशास्त्र
3. लेखाकरण
4. भविष्यवाणी
नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिए।
- (a) केवल 1, 2 और 3
- (b) केवल 1, 3 और 4
- (c) केवल 2 और 4
- (d) 1, 2, 3 और 4
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (d) 1, 2, 3 और 4
फ़र्नाओ नूनिज़ ने लिखा कि विजयनगर महल में कुश्ती लड़ने वाली, ज्योतिषी और भविष्यवक्ता महिलाएँ थीं, और ऐसी महिलाएँ भी थीं जो व्यय का लेखा रखती थीं।
चारों का उल्लेख है।
निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए :
1. इल्तुतमिश के शासनकाल में, चंगेज़ खान भगोड़े ख्वारिज़्म युवराज की खोज में सिंधु नदी तक पहुँचा था।
2. मुहम्मद बिन तुग़लक के शासनकाल में, तैमूर ने मुल्तान पर अधिकार किया था और सिंधु नदी पार की थी।
3. विजयनगर साम्राज्य के देव राय द्वितीय के शासनकाल में, वास्को द गामा केरल के तट पर पहुँचा था।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/कौन-से सही है/हैं?
- (a) केवल 1
- (b) 1 और 2
- (c) केवल 3
- (d) 2 और 3
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (a) केवल 1
कथन 1 सही है: इल्तुतमिश के समय 1221 में जलालुद्दीन मंगबरनी का पीछा करते हुए चंगेज़ खान सिंधु तक पहुँचा।
कथन 2 गलत है: तैमूर ने 1398 में नासिरुद्दीन महमूद तुग़लक के समय आक्रमण किया, मुहम्मद बिन तुग़लक के समय नहीं।
कथन 3 गलत है: वास्को द गामा 1498 में कालीकट पहुँचा, देव राय द्वितीय (मृत्यु 1446) के बहुत बाद।
मध्यकालीन भारत के संदर्भ में, निम्नलिखित में से कौन-सा आकार की दृष्टि से आरोही क्रम में सही अनुक्रम है?
- (a) परगना-सरकार-सूबा
- (b) सरकार-परगना-सूबा
- (c) सूबा-सरकार-परगना
- (d) परगना-सूबा-सरकार
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (a) परगना-सरकार-सूबा
मुग़ल काल में सूबा (प्रांत) सरकारों (ज़िलों) में और सरकार परगनों में बँटी थी।
आकार के आरोही क्रम में: परगना, सरकार, सूबा।
भारतीय इतिहास के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों में से कौन-सा/कौन-से सही है/हैं?
1. हैदराबाद राज्य से आरकोट की निज़ामत का उदय हुआ।
2. विजयनगर साम्राज्य से मैसूर राज्य का उदय हुआ।
3. रूहेलखंड राज्य का गठन, अहमद शाह दुर्रानी द्वारा अधिकृत राज्यक्षेत्र में से हुआ।
नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिए।
- (a) 1 और 2
- (b) केवल 2
- (c) 2 और 3
- (d) केवल 3
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (a) 1 और 2
कथन 1 सही माना गया है: आरकोट (कर्नाटक) के नवाब स्वतंत्र होने से पहले हैदराबाद के निज़ाम के अधीनस्थ थे।
कथन 2 सही है: मैसूर के वाडियार विजयनगर के सामंत थे, जो उसके पतन के बाद स्वतंत्र हुए।
कथन 3 गलत है: रूहेलखंड का गठन अली मुहम्मद खान ने मुग़ल क्षेत्र से किया, अहमद शाह दुर्रानी द्वारा अधिकृत क्षेत्र से नहीं।
इस व्याख्या की जाँच विषय विशेषज्ञ द्वारा की जा रही है।
UPSC 2020
भारत के इतिहास में निम्नलिखित घटनाओं पर विचार कीजिए :
1. राजा भोज के अधीन प्रतिहारों का उदय
2. महेन्द्रवर्मन-I के अधीन पल्लव सत्ता की स्थापना
3. परान्तक-I द्वारा चोल सत्ता की स्थापना
4. गोपाल द्वारा पाल राजवंश की संस्थापना
उपर्युक्त घटनाओं का, प्राचीन काल से आरम्भ कर, सही कालानुक्रम क्या है ?
- (a) 2-1-4-3
- (b) 3-1-4-2
- (c) 2-4-1-3
- (d) 3-4-1-2
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (c) 2-4-1-3
महेन्द्रवर्मन-I (पल्लव) लगभग 600–630 ई. में शासक थे; गोपाल ने लगभग 750 ई. में पाल वंश स्थापित किया; मिहिर भोज ने लगभग 836 ई. से प्रतिहारों का उत्कर्ष किया; और परान्तक-I ने 907 ई. से चोल सत्ता बढ़ाई।
क्रम 2-4-1-3 है।
UPSC 2019
मुग़ल भारत के संदर्भ में, जागीरदार और ज़मींदार के बीच क्या अंतर है/हैं?
1. जागीरदारों के पास न्यायिक और पुलिस दायित्वों के एवज़ में भूमि आबंटनों का अधिकार होता था, जबकि ज़मींदारों के पास राजस्व अधिकार होते थे तथा उन पर राजस्व उगाही को छोड़कर अन्य कोई दायित्व पूरा करने की बाध्यता नहीं होती थी।
2. जागीरदारों को किए गए भूमि आबंटन वंशानुगत होते थे और ज़मींदारों के राजस्व अधिकार वंशानुगत नहीं होते थे।
नीचे दिए गए कूट का प्रयोग कर सही उत्तर चुनिए।
- (a) केवल 1
- (b) केवल 2
- (c) 1 और 2 दोनों
- (d) न तो 1, न ही 2
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (d) न तो 1, न ही 2
कथन 1 गलत है: जागीरदारों को सैन्य और प्रशासनिक सेवा के बदले वेतन के रूप में राजस्व आबंटन (जागीर) मिलते थे, न कि विशेष रूप से न्यायिक और पुलिस दायित्वों के लिए; ज़मींदारों पर भी राजस्व वसूली के अलावा व्यवस्था बनाए रखने और सैनिक देने जैसे दायित्व थे।
कथन 2 गलत है: जागीरें स्थानांतरणीय थीं, वंशानुगत नहीं, जबकि ज़मींदारी अधिकार वंशानुगत थे।
निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए :
1. दिल्ली सल्तनत के राजस्व प्रशासन में राजस्व वसूली के प्रभारी को 'आमिल' कहा जाता था।
2. दिल्ली के सुल्तानों की इक्ता प्रणाली एक प्राचीन देशी संस्था थी।
3. 'मीर बख्शी' का पद दिल्ली के खलजी सुल्तानों के शासनकाल में अस्तित्व में आया।
उपर्युक्त में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
- (a) केवल 1
- (b) केवल 1 और 2
- (c) केवल 3
- (d) 1, 2 और 3
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (a) केवल 1
कथन 1 सही है: दिल्ली सल्तनत में राजस्व वसूलने वाले अधिकारी को आमिल कहा जाता था।
कथन 2 गलत है: इक्ता प्रणाली पश्चिम एशियाई इस्लामी परंपरा से आई, यह प्राचीन भारतीय संस्था नहीं थी।
कथन 3 गलत है: मीर बख्शी का पद मुग़ल काल का है, खलजियों का नहीं।
इस व्याख्या की जाँच विषय विशेषज्ञ द्वारा की जा रही है।
निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए :
1. संत निम्बार्क, अकबर के समकालीन थे।
2. संत कबीर, शेख अहमद सरहिंदी से अत्यधिक प्रभावित थे।
उपर्युक्त में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
- (a) केवल 1
- (b) केवल 2
- (c) 1 और 2 दोनों
- (d) न तो 1, न ही 2
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (d) न तो 1, न ही 2
कथन 1 गलत है: निम्बार्क लगभग 12वीं–13वीं सदी में थे, अकबर (16वीं सदी) से बहुत पहले।
कथन 2 गलत है: कबीर (15वीं सदी) शेख अहमद सरहिंदी (1564–1624) से पहले थे, अतः उनसे प्रभावित नहीं हो सकते।
UPSC 2018
निम्नलिखित विदेशी यात्रियों में से किसने भारत के हीरों और हीरे की खदानों की विस्तृत रूप से चर्चा की?
- (a) फ्रांस्वा बर्नियर
- (b) ज्याँ-बैप्टिस्ट टेवर्नियर
- (c) ज्याँ द थेवेनो
- (d) एबे बार्थेलेमी कारे
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (b) ज्याँ-बैप्टिस्ट टेवर्नियर
17वीं सदी के फ्रांसीसी जौहरी ज्याँ-बैप्टिस्ट टेवर्नियर ने अपने यात्रा-वृत्तांत में भारतीय हीरों और गोलकुंडा की खदानों (जैसे कोल्लूर) का विस्तार से वर्णन किया।
UPSC 2017
निम्नलिखित में से कौन-सा एक काकतीय राज्य में अतिमहत्त्वपूर्ण समुद्र-पत्तन था?
- (a) काकिनाडा
- (b) मोटुपल्ली
- (c) मछलीपटनम (मसुलीपटनम)
- (d) नेल्लुरु
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (b) मोटुपल्ली
मोटुपल्ली (आंध्र प्रदेश) काकतीयों का प्रमुख बंदरगाह था; मार्को पोलो यहाँ आया था और गणपतिदेव के मोटुपल्ली अभिलेख में व्यापारियों को सुरक्षा दी गई।
UPSC 2016
विजयनगर के शासक कृष्णदेव की कराधान व्यवस्था से संबंधित निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए :
1. भूमि की गुणवत्ता के आधार पर भू-राजस्व की दर नियत होती थी।
2. कारखानों के निजी स्वामी एक औद्योगिक कर देते थे।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
- (a) केवल 1
- (b) केवल 2
- (c) 1 और 2 दोनों
- (d) न तो 1, न ही 2
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (c) 1 और 2 दोनों
दोनों सही हैं: कृष्णदेव राय के समय भू-राजस्व भूमि की गुणवत्ता (तर, सूखी, बाग) के अनुसार था, और कारखानों के स्वामी अन्य व्यावसायिक करों के साथ उद्योग कर देते थे।
मध्यकालीन भारत के सांस्कृतिक इतिहास के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए :
1. तमिल क्षेत्र के सिद्ध (सित्तर) एकेश्वरवादी थे तथा मूर्तिपूजा की निंदा करते थे।
2. कन्नड़ क्षेत्र के लिंगायत पुनर्जन्म के सिद्धांत पर प्रश्न चिह्न लगाते थे तथा जाति अधिक्रम को अस्वीकार करते थे।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
- (a) केवल 1
- (b) केवल 2
- (c) 1 और 2 दोनों
- (d) न तो 1, न ही 2
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (c) 1 और 2 दोनों
दोनों सही हैं: तमिल सिद्ध एकेश्वरवादी थे जो मूर्तिपूजा और कर्मकांड की निंदा करते थे, और लिंगायत (वीरशैव) जाति अधिक्रम को अस्वीकार करते थे और पुनर्जन्म के सिद्धांत पर प्रश्न उठाते थे।
भारतीय इतिहास के मध्यकाल में बंजारे सामान्यतः कौन थे?
- (a) कृषक
- (b) योद्धा
- (c) बुनकर
- (d) व्यापारी
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (d) व्यापारी
बंजारे घुमंतू व्यापारी थे जो बैलों के कारवाँ पर अनाज और माल लंबी दूरी तक ले जाते थे।
भारत के इतिहास के संदर्भ में निम्नलिखित युग्मों पर विचार कीजिए :
शब्द - विवरण
1. एरिपत्ति - भूमि, जिससे मिलने वाला राजस्व अलग से ग्राम जलाशय के रख-रखाव के लिए निर्धारित कर दिया जाता था
2. तनियूर - एक अकेले ब्राह्मण अथवा एक ब्राह्मण-समूह को दान में दिए गए ग्राम
3. घटिका - प्रायः मंदिरों के साथ संबद्ध विद्यालय
उपर्युक्त में से कौन-सा/से युग्म सही सुमेलित है/हैं?
- (a) 1 और 2
- (b) केवल 3
- (c) 2 और 3
- (d) 1 और 3
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (d) 1 और 3
युग्म 1 और 3 सही हैं: एरिपत्ति वह भूमि थी जिसका राजस्व ग्राम जलाशय के रख-रखाव में जाता था, और घटिका प्रायः मंदिरों से जुड़े विद्या केंद्र थे।
तनियूर बड़े ब्राह्मण ग्राम (ब्रह्मदेय) थे जिन्हें अलग राजस्व इकाई का दर्जा मिला था; आधिकारिक उत्तर युग्म 2 के विवरण को गलत मानता है।
इस व्याख्या की जाँच विषय विशेषज्ञ द्वारा की जा रही है।
मध्यकालीन भारत के आर्थिक इतिहास के संदर्भ में शब्द 'अरघट्ट (Araghatta)' किसे निरूपित करता है?
- (a) बंधुआ मज़दूर
- (b) सैन्य अधिकारियों को दिए गए भूमि अनुदान
- (c) भूमि की सिंचाई के लिए प्रयुक्त जलचक्र (वाटर-व्हील)
- (d) कृषि भूमि में बदली गई बंजर भूमि
उत्तर और व्याख्या देखें
उत्तर: (c) भूमि की सिंचाई के लिए प्रयुक्त जलचक्र (वाटर-व्हील)
अरघट्ट ज़ंजीर पर बँधे घड़ों वाला जलचक्र (रहट) था, जिससे सिंचाई हेतु पानी उठाया जाता था।